भाजपा की संगठनात्मक भूमिका जिम्मेदारी है, पद नहीं : हरियाणा सीएम सैनी

चंडीगढ़। हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने मंगलवार को कहा कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) में एक संगठनात्मक पद केवल एक पदनाम नहीं है, बल्कि सार्वजनिक सेवा और संगठन के प्रति एक जिम्मेदारी है। सीएम नायब सिंह सैनी ने कहा कि भाजपा का 46 साल का सफर देश बनाने के लिए लाखों पार्टी कार्यकर्ताओं के समर्पण और पक्के इरादे से बना है। उन्होंने आगे कहा कि देश की सेवा करने की सोच श्यामा प्रसाद मुखर्जी और पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी से लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तक जारी है। उन्होंने पार्टी कार्यकर्ताओं से प्रधानमंत्री मोदी की 25 साल की पब्लिक सर्विस और गुड गवर्नेंस का संदेश लोगों तक पहुंचाने की अपील की। ​​वह पंचकूला में एक प्रोग्राम में बोल रहे थे, जो सुनील सेन के भाजपा के पिछड़ा वर्ग मोर्चा (ओबीसी मोर्चा) के स्टेट प्रेसिडेंट के तौर पर पद संभालने के मौके पर हुआ था। कार्यकर्ता की अध्यक्षता भाजपा स्टेट चीफ अर्चना गुप्ता ने की। मुख्यमंत्री ने सुनील सेन को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि ओबीसी मोर्चा को समाज के आखिरी आदमी तक पहुंचने और बूथ लेवल पर संगठन को मजबूत करने के लिए काम करना चाहिए। उन्होंने कहा कि 7 अक्टूबर को प्रधानमंत्री की पब्लिक सर्विस और गवर्नेंस में 25 साल की यात्रा पूरी होगी। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री और प्रधानमंत्री के तौर पर पीएम मोदी का कार्यकाल सार्वजनिक जीवन का एक अहम हिस्सा रहा है, जो सेवा, अच्छे शासन और देश बनाने के लिए कमिटमेंट से पहचाना जाता है। उन्होंने आगे कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने राजनीतिक ताकत के कॉन्सेप्ट को बदल दिया है, और इसे निजी आराम के बजाय जनता की सेवा का जरिया बना दिया है। मुख्यमंत्री ने पार्टी कार्यकर्ताओं से सेवा संकल्प अभियान में सक्रिय रूप से हिस्सा लेने की अपील की, जो 17 अक्टूबर तक चलेगा। उन्होंने कहा, “यह संगठन और सरकार की सामूहिक जिम्मेदारी है कि यह पक्का किया जाए कि जनकल्याण योजनाओं और विकास की पहल का फायदा आखिरी छोर पर खड़े व्यक्ति तक पहुंचे।” इस मौके पर बोलते हुए राज्य पार्टी प्रमुख अर्चना गुप्ता ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी और मुख्यमंत्री सैनी ओबीसी समुदाय से आते हैं, इसलिए संगठन के अंदर समुदाय की भूमिका और जिम्मेदारी ज्यादा अहम हो जाती है। उन्होंने ओबीसी मोर्चा से हर विधानसभा क्षेत्र और सभी क्षेत्रों में संगठन को मजबूत करने की अपील की, जो ‘जहां काम, वहां हम’ के संकल्प से गाइडेड हो। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि ओबीसी मोर्चा के लिए संगठन को मजबूत करना एक मुख्य प्राथमिकता बनी रहनी चाहिए और उन्होंने ओबीसी समुदाय के कार्यकर्ताओं के साथ-साथ पंचों, सरपंचों, पार्षदों और दूसरे जनप्रतिनिधियों से मोर्चा की गतिविधियों में ज्यादा से ज्यादा हिस्सा लेने की अपील की और बूथ लेवल तक पहुंच बढ़ाने की भी बात कही।

Ayush Sharma
Author: Ayush Sharma

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